गम्हरिया थाना दुष्कर्म कांड में बड़ी कार्रवाई, दो और पुलिसकर्मी गिरफ्तार, नौ निलंबित !

गम्हरिया थाना दुष्कर्म कांड में बड़ी कार्रवाई, दो और पुलिसकर्मी गिरफ्तार, नौ निलंबित !
महिला की सुरक्षा में लापरवाही बरतने पर पुलिस अधीक्षक ने की कार्रवाई, एसडीपीओ के नेतृत्व में एसआईटी कर रही जांच
सरायकेला: सरायकेला-खरसावां जिले के गम्हरिया थाना परिसर में महिला के साथ कथित दुष्कर्म के सनसनीखेज मामले में पुलिस ने बड़ी कार्रवाई की है। मामले में मुख्य आरोपी वायरलेस ऑपरेटर नीरज लकड़ा की गिरफ्तारी के बाद अब दो अन्य पुलिसकर्मियों को गिरफ्तार कर न्यायिक हिरासत में भेजने की कार्रवाई की जा रही है। वहीं, पूरे प्रकरण में कर्तव्य के प्रति लापरवाही बरतने के आरोप में गम्हरिया थाना के नौ पुलिस पदाधिकारियों एवं कर्मियों को निलंबित कर पुलिस केंद्र, सरायकेला वापस कर दिया गया है।पुलिस अधीक्षक कार्यालय से जारी प्रेस विज्ञप्ति के अनुसार, पीड़िता ने 31 अक्टूबर को लिखित आवेदन देकर बताया कि 29 अक्टूबर की शाम करीब छह बजे पति के साथ विवाद होने के बाद उन्हें मारपीट की आशंका हुई। इसके बाद वह घर से निकलकर पड़ोस के घर पहुंचीं और वहां मौजूद महिला से थाना में फोन करने का अनुरोध किया। गम्हरिया पीसीआर वाहन से उन्हें रात करीब 12 बजे थाना लाया गया।पीड़िता के अनुसार, थाना में ड्यूटी पर तैनात पुलिस पदाधिकारी ने उन्हें बगल के कमरे में आराम करने को कहा। इसी दौरान थाना में पदस्थापित वायरलेस ऑपरेटर नीरज लकड़ा ने उनके साथ दुष्कर्म किया।पीड़िता के लिखित आवेदन के आधार पर गम्हरिया थाना कांड संख्या 86/26, दिनांक 31 अक्टूबर 2026, धारा 64(2)(a)/68 बीएनएस के तहत प्राथमिकी दर्ज कर अनुसंधान शुरू किया गया। अनुसंधान के क्रम में आरोपी आरक्षी-410 नीरज लकड़ा को गिरफ्तार कर न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया।दो अन्य पुलिसकर्मी गिरफ्तार
मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस अधीक्षक के निर्देश पर अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी सरायकेला के नेतृत्व में एसआईटी गठित की गई। अनुसंधान के क्रम में पुलिस अवर निरीक्षक मनोज कुमार साहू और आरक्षी-1088 संतोष कुमार राय को भी गिरफ्तार किया गया है। दोनों गम्हरिया थाना में पदस्थापित थे। पुलिस के अनुसार, मामले के अन्य बिंदुओं पर अनुसंधान जारी है।नौ पुलिसकर्मी निलंबित
अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी सरायकेला द्वारा समर्पित जांच प्रतिवेदन के आधार पर गम्हरिया थाना के नौ पुलिस पदाधिकारियों एवं कर्मियों को निलंबित किया गया है। इनमें पु०अ०नि० अजय पासवान, पु०अ०नि० ललन रविदास, स०अ०नि० विशु उरांव, स०अ०नि० मुकेश कुजूर, स०अ०नि० मुकेश रविदास, स०अ०नि० सीता राम सिंह पाहन, हवलदार पिताम्बर महतो, हवलदार बहादुर हांसदा एवं आरक्षी-230 मनोज गोराई शामिल हैं।पुलिस अधीक्षक कार्यालय के अनुसार, पूरे प्रकरण में महिला की सुरक्षा सुनिश्चित नहीं किया जाना गंभीर लापरवाही है। इससे पुलिस विभाग की छवि धूमिल हुई है तथा आम जनता के बीच पुलिस की विश्वसनीयता पर प्रतिकूल प्रभाव पड़ा है। कर्तव्य के प्रति घोर लापरवाही, शिथिलता, अनुशासनहीनता एवं गैर जिम्मेदाराना रवैये के आरोप में सभी को सामान्य जीवन-यापन भत्ता पर निलंबित करते हुए पुलिस केंद्र, सरायकेला वापस किया गया है।मामले में पुलिस की कार्रवाई जारी है और एसआईटी सभी पहलुओं की जांच कर रही है।
