जापान ने अंतरिक्ष की कदम बड़ा कदम बढ़ाते हुए एक एक बहुत ही महत्वाकांक्षी स्पेस मिशन लॉन्च किया है।

जापान ने अंतरिक्ष की कदम बड़ा कदम बढ़ाते हुए एक एक बहुत ही महत्वाकांक्षी स्पेस मिशन लॉन्च किया है। जापान एयरोस्पेस एक्सप्लोरेशन एजेंसी (JAXA) ने मंगल ग्रह के रहस्यमय चंद्रमा से नमूने लेने के लिए अभूतपूर्व अभियान के तहत मंगलवार को एक स्पेसशिप को रवाना किया। मार्शियन मून्स एक्सप्लोरेशन (MMX) नाम के इस स्पेसशिप को जापान के प्रमुख H3 रॉकेट के जरिए लॉन्च किया गया। पांच साल के इस मिशन के लिए दुनिया की पांच अंतरिक्ष एजेंसियां एक साथ आई हैं, जिसका नेतृत्व JAXA कर रही है।
‘फोबोस’ से सैंपल लेकर आएगा मिशन
इस मिशन का लक्ष्य मंगल के चंद्रमा फोबोस से नमूने इकठ्ठा करना है। फोबोस मंगल के दो छोटे चंद्रमाओं में है और ग्रह के करीब है। यह अंतरिक्ष यान अगले साल अगस्त में मंगल की कक्षा में पहुंचेगा। यह फोबोस पर एक रोबोटिक प्रोब और एक रोवर को उतारेगा। JAXA ने बताया कि यह मिशन 10 ग्राम मिट्टी और चट्टान के नमूने इकठ्ठा करेगा। यह 2031 में वापस लौटेगा। अमेरिकी स्पेस एजेंसी NASA ने मंगल ग्रह पर अब तक 9 अंतरिक्षयान सफलतापूर्वक उतारे हैं। चीन ने भी 2021 में मंगल पर अपना यान उतारा है। लेकिन अब तक कोई भी मिशन फोबोस या उसके साथी चंद्रमा डीमोस तक नहीं पहुंच पाया है। मंगल ग्रह या उसके चंद्रमाओं से आज तक नमूने वापस लाने में भी कोई सफल नहीं हो सका है। फोबोस मंगल ग्रह की सतह से 6000 किमी की दूरी पर है। 22.5 किमी व्यास वाला यह गड्ढों से भरा चंद्रमा दिन में तीन बार मंगल के चक्कर लगाता है।
मॉर्शियन मून एक्सप्लोरेशन स्पेसशिप को मंगलवार सुबह 4:41 बजे जापान के तनेगाशिमा स्पेस सेंटर से लॉन्च किया गया। इसकी लाइवस्ट्रीम देखने के लिए हजारों लोग सुबह जल्दी उठ गए थे। धरती से रवाना होने के एक घंटे बाद अंतरिक्ष यान रॉकेट के ऊपरी हिस्से से अलग हुआ। इसके बाद JAXA के वैज्ञानिकों ने लॉन्च को सफल घोषित किया।
